चंडीगढ़। पंजाब विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपनी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। पार्टी ने राज्य में नशे की समस्या को बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनाने की रणनीति तैयार की है। इसके तहत भाजपा पंजाब में नशे के खिलाफ एक व्यापक विरोध यात्रा निकालने की तैयारी में है, जो प्रदेश की सभी 117 विधानसभा सीटों तक पहुंचेगी।
चारों दिशाओं से शुरू होगी यात्रा
भाजपा के राष्ट्रीय संगठन महासचिव बीएल संतोष के पंजाब दौरे के दौरान पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ हुई बैठक में विरोध यात्रा का रोडमैप साझा किया गया। प्रस्तावित यात्रा पंजाब के चारों कोनों से शुरू होगी और पूरे प्रदेश का दौरा करते हुए सभी 117 विधानसभा क्षेत्रों को कवर करेगी।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, यात्रा का उद्घाटन केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह या भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन कर सकते हैं। इसके लिए दोनों नेताओं से समय मांगा गया है।
हाईकमान से मंजूरी मिलने के बाद सितंबर में यात्रा का विस्तृत कार्यक्रम तय किए जाने की संभावना है।
नशे को बनाएगी बड़ा चुनावी मुद्दा
भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए उन मुद्दों की सूची तैयार कर रहा है, जिन्हें चुनावी अभियान के दौरान प्रमुखता से उठाया जाएगा। इनमें नशे की समस्या को पार्टी सबसे महत्वपूर्ण मुद्दों में शामिल कर रही है।
भाजपा का आरोप है कि पंजाब में सीमा पार से होने वाली नशे की तस्करी पर पूरी तरह रोक नहीं लग पाई है और इसका सबसे ज्यादा असर राज्य के युवाओं पर पड़ रहा है।
सभी विधानसभा क्षेत्रों तक पहुंचने की तैयारी
प्रस्तावित विरोध यात्रा के जरिए भाजपा न केवल नशे के खिलाफ जनजागरूकता अभियान चलाने की तैयारी में है, बल्कि इसे राज्यभर में पार्टी के संगठन को सक्रिय करने के अवसर के तौर पर भी देखा जा रहा है।
117 विधानसभा सीटों को कवर करने वाली इस यात्रा के जरिए भाजपा स्थानीय स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और मतदाताओं तक अपनी बात पहुंचाने की कोशिश करेगी। अब सबकी नजरें पार्टी हाईकमान की मंजूरी और सितंबर में जारी होने वाले यात्रा के आधिकारिक कार्यक्रम पर टिकी हैं।


